चारधाम यात्रा शुरू होने से ठीक पहले कश्मीर के पहलगाम में आतंकी घटना के बाद सरकार सतर्क हो गई है। खासकर धामों में जहां अधिक भीड़-भाड़ रहती है वहां सुरक्षा को लेकर कड़े इंतजाम किए गए हैं।
बदरीनाथ धाम में इस बार पहली बार एंटी टेररिस्ट स्क्वाड (एटीएस) और भारतीय तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) तैनात की गई है। इसके अलावा ज्योतिर्मठ व यात्रा मार्ग पर भी आईटीबीपी के जवान तैनात हैं। जवान धाम व यात्रा मार्ग पर कड़ी निगरानी के साथ यहां आने वाले वाहनों की चेकिंग व अन्य व्यवस्थाओं को बनाने में भी पुलिस को सहयोग कर रहे हैं।
चारधाम यात्रा शुरू होने से ठीक पहले कश्मीर के पहलगाम में आतंकी घटना के बाद सरकार सतर्क हो गई है। खासकर धामों में जहां अधिक भीड़-भाड़ रहती है वहां सुरक्षा को लेकर कड़े इंतजाम किए गए हैं। इसी के तहत पहली बार यात्रा शुरू होने पर बदरीनाथ धाम में एटीएस और यात्रा मार्ग पर आईटीबीपी की तैनाती की गई है। दो प्लाटून बदरीनाथ धाम और एक प्लाटून ज्योतिर्मठ सहित यात्रा मार्ग पर तैनात है। अब तक कपाट बंद होने के बाद धाम की सुरक्षा के लिए आईटीबीपी के जवान धाम में तैनात होते थे, लेकिन इस बार यात्रा के दौरान इन जवानों को तैनात किया गया है
जवान धाम सहित यात्रा मार्ग पर कड़ी निगरानी रखे हुए हैं। ज्योतिर्मठ के मारवाड़ी चौक और बदरीनाथ टैक्सी स्टैंड व अन्य जगह पर पुलिस के साथ यात्रा व्यवस्था को सुचारू करने में लगे हुए हैं। आईटीबीपी प्रथम वाहिनी सुनील के सेनानी विजय कुमार ने बताया कि उच्चाधिकारियों के निर्देश पर इस साल पहली बार बदरीनाथ धाम व यात्रा मार्ग पर आईटीबीपी के जवान तैनात किए गए हैं। जिसमें देहरादून की दो प्लाटून बदरीनाथ में तैनात की गई हैं, जबकि आईटीबीपी सुनील की एक प्लाटून ज्योतिर्मठ सहित यात्रा मार्ग पर तैनात है। सुरक्षा को देखते हुए वाहनों की चेकिंग के साथ ट्रैफिक व्यवस्था का जिम्मा संभाल रहे हैं।

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