अल्मोड़: सरकारी स्कूलों में व्यवस्थाएं राम भरोसे है। ताजा मामला जिले के धौलादेवी विकासखंड के राजकीय प्राथमिक विद्यालय चमुवा का है। जहां नौनिहाल स्कूल में शिक्षक का इंतजार करते रहे। लेकिन शिक्षक विद्यालय नहीं पहुंचे। अभिभावकों व स्थानीय जनप्रतिनिधियों की सूचना के बाद जब इसकी जानकारी शिक्षा विभाग के अधिकारियों तक पहुंची तो आनन-फानन में पास के स्कूल से व्यवस्था में एक शिक्षक भेजे गए। करीब दो घंटे देरी से विद्यालय संचालित हुआ। जिस पर अभिभावकों ने आक्रोश जताया।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, राप्रावि चमुवा में वर्तमान में 26 बच्चे अध्ययनरत हैं। विद्यालय में तैनात एकमात्र शिक्षक प्रमोद कुमार 20 से 22 अगस्त तक अवकाश पर थे। 23 अगस्त यानि शुक्रवार को उन्हें स्कूल में उपस्थित होना था। लेकिन व गैरहाजिर रहे। बच्चे भी रोज की तरह विद्यालय पहुंचे। काफी देर तक इंतजार करने के बाद भी जब शिक्षक स्कूल नहीं पहुंचे तो ग्राम प्रधान पूजा कार्की, एसएमसी अध्यक्ष ललीता कार्की व अन्य अभिभावक स्कूल पहुंचे
अभिभावकों ने मामले की जानकारी खंड शिक्षा अधिकारी धौलादेवी प्रेमा बिष्ट को दी। अभिभावकों के मुताबिक करीब 11 बजे राउमावि चमुवा से व्यवस्था के तहत एक शिक्षक को विद्यालय भेजा गया। जिसके बाद स्कूल का ताला खुला। जिसके बाद कक्षाएं संचालित हुई और बाद में बच्चों के लिए एमडीएम भी बनाया गया। करीब दो घंटे देरी से विद्यालय खुलने व शिक्षक के स्कूल से गैरहाजिर रहने पर अभिभावकों ने आक्रोश जताया। और शिक्षक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
बीईओ धौलादेवी प्रेमा बिष्ट ने बताया कि स्कूल में तैनात शिक्षक प्रमोद कुमार 20 अगस्त से अवकाश पर थें। लेकिन 23 अगस्त को उन्हें विद्यालय में उपस्थित होना था। उन्होंने कहा कि गैरहाजिर शिक्षक से स्पष्टीकरण मांगा गया है। स्पष्टीकरण संतोषजनक नहीं पाए जाने पर वेतन अवरूद्ध करने की कार्यवाही की जाएगी।

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