रुद्रपुर के वार्ड नंबर 22 स्थित टंकी मोहल्ले में दो गुटों में भिड़ंत हो गई। इस दौरान दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर फायरिंग कर दी। इसमें घरों के बाहर खेल रहे पांच बच्चों के पैरों में छर्रे लग गए। बच्चों को एसटीएच हल्द्वानी में भर्ती कराया गया है
.रुद्रपुर शहर के वार्ड नंबर 22 स्थित टंकी वाले मोहल्ले में दो अराजकतत्वों के गुटों में भिड़ंत हो गई। दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर तमंचों से फायरिंग कर दी। इसमें घरों के बाहर खेल रहे पांच बच्चों के पैरों में छर्रे लग गए। आनन फानन में उनको इलाज के लिए जिला अस्पताल ले जाया गया और प्राथमिक इलाज के बाद सुशीला तिवारी अस्पताल हल्द्वानी में भर्ती कराया गया है। फायरिंग की घटना से मोहल्ले के लोगों में रोष है।
जानकारी के अनुसार वार्ड नंबर 22 में सोमवार को लड़कों के दो गुटों में भिड़ंत हो गई। दोनों के बीच वर्चस्व को लेकर टकराव होता रहता है। सोमवार की देर शाम टंकी मोहल्ला में बच्चे घरों के बाहर खेल रहे थे। इसी बीच दोनों पक्ष आमने सामने आ गए और बिना लोगों की जान की परवाह किए एक दूसरे पर फायरिंग कर दी। इससे वहां अफरातफरी मच गई। सड़क पर खेल रहे बच्चों ने दीवार के सहारे खड़े होकर जान बचाने की कोशिश की लेकिन इसके बावजूद हर्ष (7), निखिल (12), तनुज (8), ऋषभ (8), गरिमा (7) के पैरों पर छर्रे लग गए और वे चिल्लाते हुए घरों में भागे।
हर्ष के पिता गेंदन कोली ने बताया कि वे एक स्वीट्स शॉप पर काम करते हैं। सूचना मिलते ही वे घर पहुंचे और सभी जख्मी बच्चों को जिला अस्पताल पहुंचाया। डाक्टरों ने बच्चों को रेफर कर दिया और वह सुशीला तिवारी अस्पताल में भर्ती हैं। कहा कि अगर किसी बच्चे के सीने या सिर पर गोली लग जाती तो जान पर बन आती। कहा कि दोनों गुट काफी समय से मोहल्ले के लिए सिरदर्द बने हुए हैं। वह अस्पताल से लौटकर लड़कों के खिलाफ पुलिस को तहरीर देंगे।

More Stories
धामी सरकार के नाम एक और कीर्तिमान उत्तराखण्ड में पर्यटकों की संख्या ने बनाया नया रिकॉर्ड, राज्य गठन के बाद पहली बार साल भर का आंकड़ा 6 करोड़ के पार, हरिद्वार पहुंचे सर्वाधिक 3 करोड़ 42 लाख 49 हजार पर्यटक/तीर्थयात्री
मुख्यमंत्री धामी की अध्यक्षता में उत्तराखंड ग्लोबल इन्वेस्टर समिट के एमओयू एवं ग्राउंडिंग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक, स्पिरिचुअल जोन, आयुर्वेद एम्स और भराड़ीसैंण में मंदिर अवसंरचनात्मक निर्माण को प्राथमिकता में लेने के मुख्यमंत्री के निर्देश
समान कार्य, समान वेतन’ के रूप में सीएम धामी ने दर्ज की एक और उपलब्धि, उपनल कर्मियों की वर्षों पुरानी लंबित मांग को सीएम धामी ने पूरा किया